आखिर करतारपुर भारत का हिस्सा क्यों नहीं? सामने आतीं विभाजन की गलतियां
गुरु नानकदेव जी की कर्मस्थली करतारपुर भारत का ही हिस्सा होता, यदि प्रधानमंत्री नेहरू ने 12 अगस्त से 15 अगस्त के बीच लॉर्ड मांउटबेटन से बल देकर इसके लिए कहा होता।from Jagran Hindi News - editorial:apnibaat http://bit.ly/2DvOM12
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